जिला स्तर पर कार्यशालाएं
इस अभियान के तहत जिला-स्तर पर कार्यशालाएं भी आयोजित की जाएंगी। इनका उद्देश्य हाशिए पर पड़े समूहों के लिए चलाई जा रही कल्याणकारी योजनाओं के बारे में जागरूकता फैलाना होगा। शिकायतों के निवारण को योजनाओं के प्रचार-प्रसार के साथ जोड़कर भाजपा कल्याणकारी कार्यों को राजनीतिक पूंजी में बदलने का प्रयास कर रही है। पार्टी के अंदरूनी सूत्रों ने बताया कि इस पहल का मकसद जमीनी स्तर पर विपक्ष का मुकाबला करना है। साथ ही, 2027 के विधानसभा चुनावों से पहले संगठनात्मक तैयारियों को तेज करना है।प्रतीकवाद और जमीनी स्तर पर लोगों को लामबंद करने के एक सोचे-समझे मेल के तौर पर देखे जा रहे इस अभियान से भाजपा की उस कोशिश पर जोर मिलता है, जिसके तहत वह पहचान को मान्यता देने की बात कर रही है। साथ ही, विकास-केंद्रित संदेशों को आपस में जोड़कर एससी मतदाताओं के बीच अपना समर्थन मजबूत करना चाहती है।
